
गुलाम नबी आजाद ने कहा कि एक ही मतदाता सूची से विधानसभा और लोकसभा चुनाव होने से समय बचेगा और सरकारी संसाधन भी बचेंगे. उन्होंने कहा, ‘जब अलग-अलग समय पर चुनाव होते हैं, तो सरकारी कर्मचारियों और शिक्षकों को तैनात किया जाता है. उन्हें प्रशिक्षण दिया जाता है और इसके परिणामस्वरूप छात्रों को परेशानी होती है.’
